गरियाबंद। प्रतिबंध के बाद भी छत्तीसगढ़ में गुटखा और पान मसाला की बिक्री पर लगाम नहीं लग पाया है। अवैध तरीके से ही सही, लोग धड़ल्ले से इन सामानों की कालाबाजारी कर रहे हैं। इसका एक बड़ा उदाहरण गरियाबंद जिले में सामने आया है। आज दोपहर जिला प्रशासन के राजस्व अमला और पुलिस की टीम ने राजिम-फिंगेश्वर रोड पर गुटखा-पान मसाला से लोड वाहन को बरामद किया है। बताया जा रहा है कि इस छोटा हाथी में प्रतिबंधित गुटखा, पान मसाला और जर्दा भरा हुआ हैं, जिसकी कुल कीमत करीब 14 लाख रुपए हैं।
एसडीएम जीडी वाहिले ने बताया कि इसकी पूर्व सूचना प्रशासन को मिल गई थी, जिस पर कार्रवाई की गई और सफलता हाथ लगी है। उन्होंने बताया कि मुखबिर से इनपुट मिला कि गुटखे से भरा छोटा हाथी फिंगेश्वर-राजिम रोड पर आ रहा है। इस सूचना पर तत्काल एसडीएम वाहिले, तहसीलदार ओमप्रकाश वर्मा और थाना प्रभारी विकास बघेल अपने-अपने स्टाफ के साथ राजिम-फिंगेश्वर मार्ग पर स्थित तहसील कार्यालय के पास पहुंचे और संदिग्ध छोटा हाथी को रोककर जांच की। गाड़ी के पिछले हिस्से के पालीथीन से ढका गया था, जिसे हटाकर देखने पर पीछे कई बंद बोरियां मिलीं, जिसे खोलकर देखने पर अंदर प्रतिबंधित जर्दायुक्त गुटखा मिला। कुल 12 बोरियों में 74 कट्टी गुटखा जब्त हुआ।
जब्त गुटखे की कीमत 12 से 14 लाख रुपए बताई जा रही है। टीम द्वारा गाड़ी के चालक से पूछताछ करने पर उसने बताया कि वह यह गुटखा गोबरा नवापारा के अशोक ट्रेडर्स के मालिक खेमचंद तेजवानी के कहने पर महासमुंद से ला रहा है। उसके पास इस संबंध में किसी प्रकार के दस्तावेज नहीं मिले हैं। पकड़ा गया छोटी हाथी वाहन खेमचंद तेजवानी के ही नाम पर रजिस्टर्ड है।