रायपुर। पुलिस ने छेरकाडीह ट्रिपल मर्डर केस की गुत्थी सुलझाने का दावा किया है। इसके बाद क्षेत्र में आरोपियों के प्रति आक्रोश देखने को मिल रहा है। इस मामले को लेकर पीड़ित को न्याय दिलाने एवं समाज मे कड़ा संदेश देने साहू समाज युवा प्रकोष्ठ रायपुर संभाग भी आगे आया है। रायपुर संभाग युवा प्रकोष्ठ के अध्यक्ष प्यारे लाल साहू ने आक्रोश व्यक्त करते हुए इस वीभत्स घटना को अंजाम देने वाले तीनों आरोपियों को फांसी देने की मांग की है ताकि इस प्रकार की घटनायें भविष्य में ना हो।

क्या है मामला

जारी प्रेस विज्ञप्ति के मुताबिक ग्राम जारा के रविशंकर शुक्ला पिता कन्हैया प्रसाद शुक्ला का ग्राम छेरकाडीह (स) के मृतक यशवंत साहू के घर आना-जाना लगा रहता था। इस बीच आरोपी रविशंकर शुक्ला एवं मृतका महेश्वरी साहू में मित्रता हो गई, जिसका फायदा उठाकर आरोपी रविशंकर शुक्ला ने मृतका के साथ संबंध स्थापित कर लिया। इसके बाद मृतिका को इस बात पर ब्लैकमेल कर प्रताड़ित करने लगा। परेशान होकर मृतका ने अपने पति मृतक यशवंत साहू को यह बात बताई, जिसके बाद परिजनों एवं ग्राम जारा के सरपंच की उपस्थिति में सामाजिक स्तर पर बैठक कर आरोपी रविशंकर शुक्ला को समझाईश दी गई कि आरोपी, महिला से किसी भी प्रकार का संबंध नहीं रखेगा।

बैठक के बाद भी आरोपी रविशंकर शुक्ला मृतिका से बातचीत करने एवं मिलने आदि के लिये बार-बार दबाव बना रहा था। मृतका महेश्वरी साहू द्वारा बार-बार मना करने पर आरोपी रविशंकर शुक्ला, आक्रोशित हो गया और उसने मन ही मन बदला लेने की योजना बनाई इसके साथ ही इस योजना में ग्राम गातापार के दुर्गेश वर्मा और नेमीचंद ध्रुव को भी शामिल किया। योजना के अनुसार आरोपी 11 अप्रैल को ग्राम छेरकाडीह पहुंचे। इसके बाद आरोपी हत्या करने की नीयत से एक राय होकर मृतक के घर में घुसे। सबसे पहले यशवंत साहू एवं उनके पुत्र देवेन्द्र साहू के उपर वार कर उनकी हत्या कर दी। दोनों की चीख-पुकार सुनकर महेश्वरी साहू अपने कमरे से बाहर निकली, तो आरोपियों ने आंगन में ही सब्बल से वार कर उसकी भी हत्या कर दी। घटना को अंजाम देने के बाद तीनों आरोपी रात में ग्राम छेरकाडीह से फरार हो गये। पुलिस ने तफ्तीश की और कड़ी दर कड़ी जोड़ते हुये मुख्य आरोपी रविशंकर शुक्ला को पकड़ा। इसके बाद हत्याकांड में मुख्य आरोपी रविशंकर शुक्ला के साथ दुर्गेश वर्मा तथा नेमीचंद ध्रुव ने सह्मिल होना कबूल लिया है। फिलहाल प्रकरण में आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमाण्ड पर न्यायालय में पेश किया गया है।