गरियाबंद : सरस्वती शिशु मंदिर में विज्ञान मॉडल रंगोली व चित्रकला प्रतियोगिता का हुआ आयोजन… बच्‍चों की छिपी हुई प्रतिभा आयी बाहर

गरियाबंद। सरस्वती शिशु मंदिर उच्चतर माध्यमिक विद्यालय गरियाबंद में डॉ प्रफुल्ल चंद्र राय महान वैज्ञानिक के जन्मदिन पर विद्यालय में विज्ञान दिवस मनाया गया ल इस अवसर पर कार्यक्रम का शुभारंभ ब्रह्म स्वरूप ॐ, ज्ञान की अधिष्ठात्री देवी मां शारदे एवं मां भारती के चित्र के सम्मुख दीप प्रज्ज्वलन एवं पुष्पार्चन के साथ हुआ।

तत्पश्चात आचार्य प्रफुल्ल चंद्र राय जी के चित्र के सम्मुख शिशुमंदिर के सारंक्षक जी॰डी॰ उपासने के द्वारा पुष्पार्चन किया गया। इसके साथ ही सर्वप्रथम भैया/बहिनों द्वारा आचार्य प्रफुल्ल चंद्र राय के जीवन परिचय एवं उपलब्धियों पर चर्चा की गई। तत्पश्चात इस अवसर पर प्रचार्य ने विद्यार्थियों को बताया कि इस विज्ञान सप्ताह में अनेक कार्यक्रम निर्धारित किए गए हैं, जैसे – विज्ञान मॉडल पोस्टर मेकिंग प्रतियोगिता, निबंध प्रतियोगिता, औषधीय पौधों का रोपण, प्रश्न मंच प्रतियोगिता।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए भुनेश्वर कुर्रे ने कहा विज्ञान का अर्थ विशिष्ट ज्ञान होता है डॉ प्रफुल्ल चंद्र जी ने अपना संपूर्ण जीवन विज्ञान क्षेत्र में दिया l वही कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कुंभकार जी ने कहा रमन प्रभाव 28 फरवरी को मनाया जाता है तो वही विज्ञान दिवस हर वर्ष 2 अगस्त को मनाया जाता है l आज हम विज्ञान के क्षेत्र में काफी आगे बढ़ चुके हैं पहले सिर्फ नासा को ही जाना जाता था आज इसरो संस्था को जाना जाता है l

व्यवस्थापक जी॰डी॰ उपासने ने अपने उद्बोधन में कहा कि हमारे वेदों में विज्ञान के प्रति अनेक ज्ञान भरा हुआ है। यदि हम उनका अध्ययन कर शोध करें तो दुनिया में बहुत आगे जा सकते हैं। इस अवसर पर उन्होंने आचार्य प्रफुल्ल चंद्र राय जी द्वारा लिखित पुस्तक द केमिस्ट्री आफ हिंदुइज्म का भी उल्लेख किया । कार्यक्रम के अंत में विद्यालय के प्रधानाचार्य जी ने भैया/ बहनो को मिसाइलमैन डॉक्टर कलाम से प्रेरणा लेकर विज्ञान के प्रति रुचि बढाने के लिए बताया

मुख्य अतिथि के रुप में सत्यम कुंभकार प्राध्यापक वीर सुरेंद्र साय महाविद्यालय गरियाबंद विशेष अतिथि भुनेश्वर कुर्रे प्राध्यापक वीर सुरेंद्र साय महाविद्यालय गरियाबंद विशिष्ट अतिथि श्रीमती निधि झा व्याख्याता एंजेल एंग्लो गरियाबंद अध्यक्षता गिरीश उपासने व्यवस्थापक चैन सिंह बघेल प्राचार्य उपस्थित रहे lकार्यक्रम की रूपरेखा यशवंत शर्मा आचार्य द्वारा प्रस्तुत किया गया l कार्यक्रम में तत्कालिक भाषण रंगोली चित्रकला निबंध चार्ट मॉडल प्रश्न मंच पत्र वाचन विभिन्न प्रकार के विधाए संपन्न हुए कार्यक्रम का संचालन दुर्गेश नेताम और तान्या साहू ने की है l