26 जनवरी, 1950 को भारत सरकार द्वारा तीन वीरता पुरस्कार सम्मान की शुरुआत की गई थी। ये परम वीर चक्र, महावीर चक्र और वीर चक्र थे। इन सम्मानों को साल 1947 से ही प्रभावी माना गया था।

Read more : Republic Day 2023 : विकास पथ पर आगे बढ़ रहा भारत, हर नागरिक को गौरव गाथा पर गर्व- राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू

गणतंत्र दिवस से एक दिन पहले वीरता पुरस्कारों की घोषणा कर दी गई है। इस साल 6 कीर्ति चक्र और 15 शौर्य च्रक दिए जाएंगे। मेजर शुभांग और नायक जीतेंद्र सिंह को कीर्ति चक्र से सम्मानित किया जाएगा। वहीं मेजर आदित्य भदौरिया, कैप्टन अरुण कुमार, कैप्टन युद्धवीर सिंह, कैप्टन राकेश टीआर, नायक जसबीर सिंह (मरणोपरांत), लांस नायक विकास चौधरी और कांस्टेबल मुदासिर अहमद शेख (मरणोपरांत) को शौर्य चक्र मिलेगा।

मेजर शुभांग के बारें में

मेजर शुभांग ने अप्रैल 2022 को जम्मू-कश्मीर के बडगाम में आतंकियों के खिलाफ बेहद मुश्किल हालातों में अपनी टीम का नेतृत्व किया। आतंकवादियों ने अंधाधुंध भारी छोटे हथियार चलाए और बैरल ग्रेनेड लांचर से गोलीबारी की जिसमें एक अधिकारी और उनकी टीम के दो कर्मी घायल हो गए।

92 सेना पदक (वीरता) के लिए दिए जाएंगे

19 परम विशिष्ट सेवा मेडल, 3 उत्तम युद्ध सेवा मेडल, एक बार टू अति विशिष्ट सेवा मेडल, 32 अति विशिष्ट सेवा मेडल, 8 युद्ध सेवा मेडल, एक बार टू सेना मेडल (वीरता) और 92 सेना पदक (वीरता) के लिए दिए जाएंगे।